Breaking News

‘केवल शासक बदलने का अधिकार अत्याचार के खिलाफ गारंटी नहीं’: सीजेआई एनवी रमाना

‘केवल शासक बदलने का अधिकार अत्याचार के खिलाफ गारंटी नहीं’: सीजेआई एनवी रमाना

भारत के मुख्य न्यायाधीश एनवी रमाना ने बुधवार को कहा कि कुछ वर्षों में केवल एक बार शासक बदलने का अधिकार अत्याचार के खिलाफ गारंटी नहीं है। भारत के मुख्य न्यायाधीश ने कहा कि, “असली में शासन चलाने की शक्ति जनता के पास ही है, यह विचार मानवीय गरिमा और स्वायत्तता की धारणाओं में भी पाए जाते हैं। एक सार्वजनिक विचाए जो तर्कसंगत और उचित दोनों है, को मानवीय गरिमा के एक अंतर्निहित पहलू के रूप में देखा जाना चाहिए और इसलिए कामकाजी लोकतंत्र उचित रूप से आवश्यक है। ”

source link

About admin

Check Also

यदि दुर्घटना के समय मोटर वाहन पॉलिसी के अनुसार ‘उपयोग के उद्देश्य’ के उल्लंघन में था तो बीमा कंपनी उत्तरदायी नहीं: तेलंगाना हाईकोर्ट

“यदि दुर्घटना के समय मोटर वाहन पॉलिसी के अनुसार ‘उपयोग के उद्देश्य’ के उल्लंघन में …